नयी दिल्ली, 28 जनवरी (कड़वा सत्य) सरकार के आम बजट की तैयारियों के बीच फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (फिक्की) द्वारा कराये गये एक सर्वेक्षण में भाग लेने वालों में से अधिकांश ने अगले वित्त वर्ष में विकास दर 6.5 से 6.9 प्रतिशत तक रहने का अनुमान जताते हुये सरकार से पूंजीगत में व्यय को जारी रखने की अपील की है।
फिक्की ने केंद्रीय बजट 2025-26 से पहले उद्योग जगत के सदस्यों की भावना को जानने के लिए एक त्वरित सर्वेक्षण किया है जिसके अनुसार लगभग 64 प्रतिशत प्रतिभागियों ने केंद्रीय बजट से पहले भारत की विकास संभावनाओं के बारे में वादी रुख व्यक्त किया। लगभग 60 प्रतिशत प्रतिभागियों ने 2025-26 के लिए जीडीपी वृद्धि दर 6.5 से 6.9 प्रतिशत के बीच रहने का अनुमान लगाया। हालांकि ये संख्याएं 2023-24 में देखी गई 8.0 प्रतिशत से अधिक की उच्च वृद्धि से कुछ कम हैं – लेकिन यह बाहरी कारकों के कारण लगातार आने वाली बाधाओं के साथ तालमेल बिठाती हैं।