गांधी परिवार के दल्ले कांग्रेसिये दिग्विजयसिंह की अध्यक्षता वाली कमेटी में दिग्विजयसिंह की मक्कारी से तैयार किये नियमों की UGC का बनाया जाना….
एकाएक सैकड़ों महामंडलेश्वर, मठाधीशों व 3 शंकराचार्यों द्वारा पैदल चलकर त्रिवेणी संगम स्थल पर स्नान के लिए जाने की व्यवस्था के बीच एक कांग्रेसिये शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद द्वारा अपने बटुकों के दल सहित पालकी में बैठकर स्नान करने की साजिश रचना….
मोदी योगी को घेरने व हिन्दुविरोधी होने का षड्यंत्र रचना….
भारत में दशकों से सरकारी योजनाओं पर पल रहे मुस्लिम घुसपैठियों को गिरफ्तार किया जाना व उन्हें भारत से बाहर फेंकने की तैयारियां शुरू करना……
अमेरिका को धत्ता बताकर यूरोपियन यूनियन के27 देशों का मोदी के भारत के साथ मदर ऑफ ऑल ट्रेड डील का समझौता करने के लिए भारत आना….
रूस व फ्रांस के अत्याधुनिक हथियारों व विमानों का भारत में ही मेक इन इंडिया के तहत निर्माण करने के समझौते किये जाना…..
भारत में अत्याधुनिक हथियारों से लैस व गुरिल्ला युद्ध में महारत हासिल करने वाले सिक्खों की सिक्ख लाइट इंफेक्ट्री के जवानों की एक अलग बटालियन बनाना, और उसे महादेव के विकराल स्वरूप काल भैरव के नाम पर भैरव बटालियन का गठन करना….
भारत द्वारा अमेरिका की चौधराहट को खुली चुनौती देते हुए अमेरिकी वर्चस्व वाले देशों को भारत के पक्ष में खड़ा करना…..
देश में सशस्त्र नक्सलवाद को समूल नाश करते हुए अखंड भारत की ओर अग्रसर होना……
भारत में मुसलमानों को एकजुट करके नेपाल, बांग्लादेश की तरह सत्ता कांग्रेस को सौंपने के षड्यंत्र रचना।।।
यह सब कुछ आकस्मिक घटनाक्रम नहीं है हिन्दूओ….
UGC कांग्रेसिये दिग्विजयसिंह के द्वारा तैयार किया गया चक्रव्यूह है हिन्दूओ….
जो कि संविधान की आड़ लेकर तैयार किया गया है….
जो कि पूर्ण रूप से सवर्ण विरोधी बनाया गया है….
चूँकि संविधान की व्यवस्था के अनुसार सरकार को मुख्य विपक्षी दलों के द्वारा निर्धारित सांसदों को भी तरह तरह की कमेटियों में अध्यक्ष बनने के लिए आमंत्रित किया जाता है ताकि विपक्ष की भूमिका भी संवैधानिक अधिकारों के साथ समन्वय स्थापित करने में सहायक हो सके…
इसी व्यवस्था के पालन के तहत शिक्षा विभाग द्वारा निर्धारित UGC कानून के मसौदे की कमेटी का अध्यक्ष दिग्विजयसिंह को बनाया गया…..
धर्मेंद्र प्रधान मंत्री हैं शिक्षा विभाग के…..
उनके द्वारा निर्धारित नियमों से ही UGC तैयार किया गया था परन्तु अंतिम प्रारूप समिति के अध्यक्ष के पद पर बैठे दिग्विजयसिंह ने अंतिम मसौदे में ये षड्यंत्र रचा दिया…
अब चूँकि UGC संविधान सम्मत तैयार किया गया है तो एकदम से ही मोदी सरकार इस UGC को रद्द नहीं कर सकती…
ऐसा करने से विपक्ष को एक बड़ा मौका मिल सकता है कि मोदी संविधान का गला घोंट रहे हैं और देश में अराजकता फैलाने के लिए हिंसक आंदोलन की तैयारी शुरू कर चुका है विपक्ष….
इसलिए मोदी ने चाणक्य नीति का प्रयोग किया है…
चूँकि UGC स्वर्णविरोधी है इसलिए मोदी ने इस कानून को हटाने की गेंद सवर्णों के पाले में डाल दी है….
मोदीUGC रद्द कर देंगे एक उच्च स्तरीय जांच कमेटी का गठन करने के बाद…..
परन्तु सुप्रीम कोर्ट कोई रोड़ा न अटका दे इसलिए स्वर्णविरोधीUGC को हटाने की आवाज बुलंद करने के लिए सवर्ण वर्ग द्वारा आंदोलन करने का काम किया जा रहा है और मोदी खामोशी से यह सब कुछ देख रहे हैं….
मोदी सरकार पूरी निगरानी रख रही है कि कहीं सवर्ण हिन्दू विपक्षी दलों द्वारा इस्तेमाल न कर दिया जाए….
UGC एक टूलकिट की तरह चलाया गया एक हथियार है….
ताकि मोदी का व BJP का सबसे बड़ा वोटबैंक सवर्ण वर्ग मोदी के खिलाफ खड़ा हो जाए और देश में सवर्णों द्वारा निर्धारित आंदोलन की भीड़ में विपक्षी दलों के गुंडों को घुसाकर हिंसक घटनाओं को कारित करवाया जाए……
चूंकि अब सवर्ण वर्ग मोदी को गालियाँ देते हुए सड़कों पर प्रदर्शन करने के लिए उतर आया है और अविमुक्तेश्वरानंद सहित बहुत से विपक्षी दलों के मोहरों ने खुलमखुल्ला सवर्णों के पक्ष में बयान देना शुरू कर दिया है…..
सब कुछ मोदी की निगहबानी में है…..
कौन UGC की आड़ में किस प्रकार का खेला रचने की तैयारियां कर रहे हैं
और कौन मोदी को गालियाँ दिलवाले वाले लॉबी की व्यवस्था कर रहे हैं…
कौन किस राजनीतिक दलों की ओर सेUGC आंदोलन में फील्डिंग व बैटिंग करने मैदान में उतर आए हैं…
सब कुछ मोदी की निगहबानी में है…..
UGC का चक्रव्यूह रचा गया है महाभारत में द्रोणाचार्य के चक्रव्यूह की तरह ही…..
तब युद्ध का नेतृत्व कर रहे कृष्ण अर्जुन को दूसरी ओर युद्ध के लिए ले जाने के बाद युद्धभूमि में चक्रव्यूह रचा गया और अर्जुन कृष्ण की अनुपस्थिति में पांडवों द्वारा चक्रव्यूह भेदन के लिए अभिमन्यु का बलिदान देना पड़ा…..
सवर्ण वर्ग BJP का सबसे बड़ा मजबूत वोटबैंक दशकों से ही रहा है और विपक्षी दल हमेशा से ही इस वोटबैंक को भड़काने का एक मौका पाना चाहते थे….
चूँकि मोदी सरकार 11 वर्ष से सत्ता में है और कांग्रेस को ये मौका मिल नहीं रहा था और इस दरम्यान दिग्विजयसिंह को यह मौका हाथ लग गया है…
UGC की टूलकिट कांग्रेसिये खेमे द्वारा दिग्विजयसिंह के मार्फ़त रचा गया एक सोचा समझा षड्यंत्र है….
जिसका तोड़ निकालने की दिशा में मोदी सरकार ने काम पर्दे के पीछे शुरू कर दिया है।।
अगले कुछ समय में ही एक उच्च स्तरीय जांच कमेटी का गठन किया जा सकता है और आवश्यकता हुई तो सुप्रीम कोर्ट में भी अपने लोगों द्वारा निर्धारित वकीलों के मार्फ़त PIL डाली जा सकती है….
ताकि UGC को सुप्रीम कोर्ट के मार्फ़त उच्च स्तरीय जांच कमेटी की सिफारिशों की रिपोर्ट को आधार बनाकर हटाया जा सके….
मोदी के लिए आगे कुआँ पीछे खाई वाली स्थिति बनाई गई है…
UGC लागू हो तो सवर्ण नाराज व एकदम से हटाए तो विपक्षी दल देश जलाने के लिए तैयार…..
इसलिए इस संकट का तोड़ निकाला जा रहा है
सवर्ण वर्ग पुरजोर तरीके से विरोध करे….
कोई रोक नहीं रहा है…
मोदी को जी भर कर गालियां भी दे…..
कोई रोक नहीं रहा है …..
जब वर्तमान समय में 30 करोड़ मुसलमान व विपक्षी दलों के करोड़ों तथाकथित हिंदुनामधारी समर्थकों द्वारा निरन्तर मोदी को गालियां दी जाती है तो कुछ दिन सवर्णों की गालियां भी सुन ही लेगा मोदी…..
मोदी सरकार भी UGC का तोड़ निकालने के काम कर रही है…
हिन्दूओ के लिए तैयार किया जा रहा शसक्त भारत मोदी अविमुक्तेश्वरानंद व दिग्विजयसिंह जैसे कांग्रेसिये संतों व नेताओं के हाथों बर्बाद नहीं होने देगा ….
सवर्ण निश्चित रहें, UGC का तोड़ निकाला जा रहा है
धैर्य पूर्वक आंदोलन करते रहें
मगर यह ध्यान रखें कि कहीं अपने ही देश को आग न लगा बैठें….
बाकी कांग्रेसिये नागपाश UGC का तोड़ मोदी निकाल लेंगे
मोदी के मंत्री के कंधे पर बंदूक चलाई गई है कांग्रेसिये गाँधीयों द्वारा दिग्विजयसिंह के मार्फ़त….
दिग्विजयसिंह के मार्फ़त इससे पहले भी मुंबई आतंकवादी हमले के बाद हिन्दू आतंकवाद की किताबें छपवाई गई थी इसी गांधी परिवार द्वारा…
UGC भी एक षड्यंत्र है कांग्रेसिये खेमे का…
जिस प्रकार हजारों करोड़ रुपये सोनिया गांधी के खर्च करवाने के बाद किसान बिल वापस ले लिया गया मोदी द्वारा….
ठीक उसी प्रकार विपक्षी दलों की थोड़ी सी फड़फड़ाहट के बाद UGC का भी तोड़ निकाल लिया जाएगा…..
UGC का विरोध करने वाले सभी सवर्णों को साधुवाद….
कृपया देश जलाने वाली ताकतों को अपने आंदोलन व जुलूसों में मत घुसने देना सवर्णों….
बाकी देश सुरक्षित हाथों में है इसमें कोई संदेह नहीं है….
मोदी से नाराज होकर कहीं राहुल गांधी जैसे चमन्चुटीए को सत्ता दिलवाने के पाप मत कर बैठना…..
बाकी यह देश सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी सभी वर्णों के हिन्दूओ की है
यह न भूलें…..









