• About us
  • Contact us
Saturday, January 24, 2026
10 °c
New Delhi
14 ° Sun
15 ° Mon
Kadwa Satya
  • Home
  • संपादकीय
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • खेल
  • अपराध
  • करियर – शिक्षा
    • टेक्नोलॉजी
    • रोजगार
    • शिक्षा
  • जीवन मंत्र
    • व्रत त्योहार
  • स्वास्थ्य
  • मनोरंजन
    • बॉलीवुड
    • गीत संगीत
    • भोजपुरी
  • स्पेशल स्टोरी
No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • खेल
  • अपराध
  • करियर – शिक्षा
    • टेक्नोलॉजी
    • रोजगार
    • शिक्षा
  • जीवन मंत्र
    • व्रत त्योहार
  • स्वास्थ्य
  • मनोरंजन
    • बॉलीवुड
    • गीत संगीत
    • भोजपुरी
  • स्पेशल स्टोरी
No Result
View All Result
Kadwa Satya
No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • खेल
  • अपराध
  • करियर – शिक्षा
  • जीवन मंत्र
  • स्वास्थ्य
  • मनोरंजन
  • स्पेशल स्टोरी
Home देश

बिहार के 38 जिलों को साल भर में बाल विवाह मुक्त बनाने की तैयारी

News Desk by News Desk
December 7, 2025
in देश
बिहार के 38 जिलों को साल भर में बाल विवाह मुक्त बनाने की तैयारी
Share on FacebookShare on Twitter

वर्ष 2030 तक बाल विवाह मुक्त भारत के लक्ष्य को नई गति और शक्ति देते हुए जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन ने एलान किया कि वह बाल विवाह की ऊंची दर वाले जिलों में गहन अभियान के जरिए अगले एक साल में एक लाख गांवों को बाल विवाह मुक्त बनाएगा। ये गांव उन जिलों में हैं जो राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वे- 5 (2019-21) में उन जिलों के रूप में चिन्हित किए गए थे जहां बाल विवाह की दर राष्ट्रीय औसत से ज्यादा है। राज्य के 38 जिलों में बाल विवाह की बेहद ऊंची दर वाले इन गांवों की पहचान कर वहां लक्षित जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। यह एलान भारत सरकार के ‘बाल विवाह मुक्त भारत’ के साल भर पूरा होने के मौके पर हुए एक कार्यक्रम में किया गया जिसमें सरकार ने बाल विवाह के खात्मे के एक राष्ट्रव्यापी अभियान की 100 दिवसीय कार्य योजना शुरू की।

जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन (जेआरसी) देश भर के 250 से भी अधिक नागरिक समाज संगठनों का नेटवर्क है जिसके 32 सहयोगी संगठन राज्य में जमीन पर काम कर रहे हैं। पिछले एक साल में ही इस नेटवर्क ने बिहार में 21,217 बाल विवाह रुकवाए हैं। जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन बाल अधिकारों की सुरक्षा व संरक्षण के लिए काम कर रहे नागरिक समाज संगठनों का देश का सबसे बड़ा नेटवर्क है। अपने सहयोगी संगठनों के साथ करीबी तालमेल व समन्वय से काम करते हुए इस नेटवर्क ने पिछले एक साल में ही देश में एक लाख से ज्यादा बाल विवाह रुकवाए हैं।
राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वे- 5 के अनुसार बिहार में बाल विवाह की दर 40.8 प्रतिशत है जो राष्ट्रीय औसत 23.3 प्रतिशत से बहुत ज्यादा है। देश में बाल विवाह की सबसे अधिक दर वाले 60 जिलों में 40 प्रतिशत से ज्यादा यानी 22 जिले अकेले बिहार के हैं। खास तौर से लखीसराय, सुपौल, अररिया, मधेपुरा, जमुई, पूर्णिया और सहरसा जिलों में बाल विवाह की दर 50 प्रतिशत से भी अधिक है जिसका मतलब है कि हर दूसरी लड़की का विवाह उसके बालिग यानी 18 वर्ष की होने से पहले ही हो जाता है।
भारत सरकार के अभियान को पूर्ण समर्थन देते हुए और अगले साल का रोडमैप साझा करते हुए जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन के संस्थापक भुवन ऋभु ने कहा, “बाल विवाह मुक्त भारत के लक्ष्य को हासिल करने में सामुदायिक समूहों, धार्मिक नेताओं, पंचायतों व नागरिकों की सबसे मुख्य भूमिका है। सरकार का बाल विवाह मुक्त भारत अभियान पूरी दुनिया के लिए एक मॉडल बन चुका है। यह बच्चों के खिलाफ इस अपराध के खात्मे के हमारे सामूहिक प्रयासों व सामूहिक प्रतिबद्धता का भी प्रतीक है। पिछले साल एक लाख से भी ज्यादा बाल विवाह रोके और रुकवाए गए जो यह दिखाता है कि जब समाज एकजुट होता है तो बदलाव अपरिहार्य है। हमने वादा किया है कि अगले एक साल में हम एक लाख गांवों को बाल विवाह मुक्त गांव बनाएंगे ताकि हर बच्चे को जीवन में आगे बढ़ने का अवसर व एक सुरक्षित भविष्य मिले। विकसित भारत के व्यापक लक्ष्य की प्राप्ति में इन प्रयासों की गति काफी अहमियत रखती है। हम अगले तीन वर्षों में देश से बाल विवाह के पूरी तरह खात्मे के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे और हमें विश्वास है कि यह संभव है।”
प्रिवेंशन, प्रोटेक्शन, प्रासिक्यूशन के 3पी माडल यानी सुरक्षा से पहले रोकथाम, अभियोजन से पहले सुरक्षा और रोकथाम के लिए निवारक उपाय के तौर पर अभियोजन, पर अमल करते हुए जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन ने 1 अप्रैल 2023 से 14 नवंबर 2025 तक देश में 4,35,205 बाल विवाह रोके हैं। स्कूलों, धार्मिक नेताओं, विवाह में सेवाएं प्रदान करने वालों व जनसमुदाय में बाल विवाह से जुड़े कानूनों के बारे में बड़े पैमाने पर जागरूकता के प्रसार से बाल विवाह के बारे में आम लोगों की सोच और व्यवहार में बदलाव आया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित भारत’ के सपने को आगे बढ़ाने वाले बाल विवाह मुक्त भारत अभियान की शानदार सफलताओं के साल भर पूरे होने पर महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने बाल विवाह के खात्मे के लिए ‘100 दिवसीय सघन जागरूकता अभियान’ शुरू किया। इस 100 दिवसीय कार्य योजना का समापन 8 मार्च 2026 को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर होगा। राज्य, जिला और गांव स्तर पर इस अभियान को तीन चरणों में बांटा गया है।
इसके पहले चरण में स्कूलों, कॉलेजों और अन्य शिक्षण संस्थानों में जागरूकता के प्रसार पर जोर रहेगा। वहीं, दूसरे चरण में मंदिर, मस्जिद, चर्च और गुरुद्वारों जैसे धार्मिक स्थलों पर जहां विवाह संपन्न कराए जाते हैं व विवाह में सेवाएं देने वाले बैंक्वेट हाल, बैंड बाजा वाले, कैटरर, डेकोरेटर इत्यादि पर विशेष ध्यान केंद्रित किया जाएगा। तीसरे और आखिरी चरण में बाल विवाह की रोकथाम के लिए ग्राम पंचायतों, नगरपालिका के वार्डों और समुदाय स्तरीय भागीदारी और जिम्मेदारी को मजबूत किया जाएगा। अधिसूचना के बाद राज्य सरकार ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, पंचायती राज मंत्रालय, ग्रामीण विकास मंत्रालय, स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग और उच्च शिक्षा विभाग को इस अभियान में सक्रिय भागीदारी करने के निर्देश दिए हैं ताकि लक्षित उद्देश्यों को हासिल किया जा सके।

और जानकारी के लिए संपर्क करें
जितेंद्र परमार
8595950825

Tags: Bal Vivah Mukt BiharBihar Child Rights MissionChild Marriage Free BiharJust Rights for Children BiharNFHS-5 Child Marriage Bihar Data
Previous Post

जेआरसी का एलान, हरियाणा के 18 जिलों को साल भर में बनाएंगे बाल विवाह मुक्त

Next Post

असम के 30 जिलों को साल भर में बाल विवाह मुक्त बनाएगा जेआरसी

Related Posts

No Content Available
Next Post
असम के 30 जिलों को साल भर में बाल विवाह मुक्त बनाएगा जेआरसी

असम के 30 जिलों को साल भर में बाल विवाह मुक्त बनाएगा जेआरसी

New Delhi, India
Saturday, January 24, 2026
Mist
10 ° c
50%
10.4mh
19 c 9 c
Sun
22 c 10 c
Mon

ताजा खबर

सी.सी.आर.टी., क्षेत्रीय केंद्र, गुवाहाटी द्वारा “विस्तार सेवा एवं सामुदायिक पुनर्निवेश कार्यक्रम” का सफ़ल आयोजन!

सी.सी.आर.टी., क्षेत्रीय केंद्र, गुवाहाटी द्वारा “विस्तार सेवा एवं सामुदायिक पुनर्निवेश कार्यक्रम” का सफ़ल आयोजन!

January 23, 2026
मक्खन लाल के मालपुए: देसी घी का स्वाद, जो आम से लेकर सेलेब्स तक को खींच लाए

मक्खन लाल के मालपुए: देसी घी का स्वाद, जो आम से लेकर सेलेब्स तक को खींच लाए

January 23, 2026
कोलकाता से राजस्थान तक, क्रिटिकल केयर उपकरणों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल

कोलकाता से राजस्थान तक, क्रिटिकल केयर उपकरणों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल

January 23, 2026
DTU क्रॉसवर्ड प्रतियोगिता 2026: भारी बारिश के बावजूद छात्रों में दिखा जबरदस्त उत्साह

DTU क्रॉसवर्ड प्रतियोगिता 2026: भारी बारिश के बावजूद छात्रों में दिखा जबरदस्त उत्साह

January 23, 2026
पंजाब ने विशेष स्टील निर्माण क्षेत्र में 1003.57 करोड़ का ग्रीनफील्ड निवेश आकर्षित किया : संजीव अरोड़ा

पंजाब ने विशेष स्टील निर्माण क्षेत्र में 1003.57 करोड़ का ग्रीनफील्ड निवेश आकर्षित किया : संजीव अरोड़ा

January 23, 2026

Categories

  • अपराध
  • अभी-अभी
  • करियर – शिक्षा
  • खेल
  • गीत संगीत
  • जीवन मंत्र
  • टेक्नोलॉजी
  • देश
  • बॉलीवुड
  • भोजपुरी
  • मनोरंजन
  • राजनीति
  • रोजगार
  • विदेश
  • व्यापार
  • व्रत त्योहार
  • शिक्षा
  • संपादकीय
  • स्पेशल स्टोरी
  • स्वास्थ्य
  • About us
  • Contact us

@ 2025 All Rights Reserved

No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • खेल
  • अपराध
  • करियर – शिक्षा
    • टेक्नोलॉजी
    • रोजगार
    • शिक्षा
  • जीवन मंत्र
    • व्रत त्योहार
  • स्वास्थ्य
  • मनोरंजन
    • बॉलीवुड
    • गीत संगीत
    • भोजपुरी
  • स्पेशल स्टोरी

@ 2025 All Rights Reserved