मुंबई, 4 फरवरी 2026: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार ने मुंबई में चल रहे इन्वेस्टमेंट रोडशो के दूसरे दिन निवेश को सीधे रोज़गार से जोड़ने की अपनी रणनीति को और तेज़ कर दिया। यह पूरा अभियान प्रोग्रेसिव पंजाब इन्वेस्टर्स समिट 2026 की तैयारियों का हिस्सा है, जिसमें राज्य के युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा करने पर खास ज़ोर दिया जा रहा है।
सरकार की कोशिश है कि राज्य में आने वाला निवेश सिर्फ पूंजी तक सीमित न रहे, बल्कि उससे MSME सेक्टर को मज़बूती मिले, नए उद्योग खड़े हों और हज़ारों युवाओं को स्थायी और कौशल आधारित नौकरियां मिलें। इसी सोच के तहत मुंबई रोडशो में बड़े उद्योग समूहों, वित्तीय संस्थानों और वैश्विक निवेशकों के साथ सिलसिलेवार बैठकें की गईं।
बड़े उद्योगों से सीधी बातचीत
दिन की शुरुआत प्रमुख उद्योग समूहों के साथ एक-टू-वन बैठकों से हुई। इन बैठकों में टेक्सटाइल, ऑटोमोबाइल, फार्म इक्विपमेंट, डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग और सप्लाई चेन जैसे क्षेत्रों में नए निवेश और मौजूदा यूनिट्स के विस्तार पर चर्चा हुई। सरकार ने पंजाब की स्किल्ड वर्कफोर्स, औद्योगिक ढांचे और नीतिगत स्थिरता को निवेश के बड़े प्लस प्वाइंट के तौर पर पेश किया।
MSME से बड़े उद्योग बनाने की तैयारी
रोडशो का अहम पड़ाव CXO राउंडटेबल रहा, जिसमें प्राइवेट इक्विटी फर्म्स और फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशंस के वरिष्ठ अधिकारियों ने हिस्सा लिया। इस बैठक में पंजाब के MSME सेक्टर को बड़े और ग्लोबल स्तर पर प्रतिस्पर्धी उद्योगों में बदलने के लिए फंडिंग, ग्रोथ कैपिटल और गवर्नेंस सपोर्ट जैसे मुद्दों पर मंथन हुआ।
इस दौरान Invest Punjab के सीईओ ने राज्य की रिफॉर्म-ड्रिवन गवर्नेंस, फास्टट्रैक पंजाब सिंगल विंडो सिस्टम और समयबद्ध मंजूरी प्रक्रिया की जानकारी दी। निवेश संवर्धन विभाग के प्रशासनिक सचिव ने निवेशकों को नीति स्थिरता और सरकारी सहयोग का भरोसा दिलाया।
लॉजिस्टिक्स से लेकर रिटेल तक फोकस
इसके बाद पंजाब सरकार के प्रतिनिधिमंडल ने यूएई की कंपनी DP World के साथ लॉजिस्टिक्स, रेल-आधारित टर्मिनल और मल्टीमॉडल इंफ्रास्ट्रक्चर पर चर्चा की, जिससे पंजाब की एक्सपोर्ट क्षमता को बढ़ाया जा सके।
साथ ही संगठित रिटेल, एग्री-इनपुट्स, फूड सिस्टम और स्पोर्ट्स एजुकेशन जैसे क्षेत्रों में भी निवेश संभावनाओं पर बातचीत हुई।
युवाओं के लिए दीर्घकालिक रोजगार पर जोर
पूरे रोडशो के दौरान सरकार का संदेश साफ़ रहा—पंजाब को ऐसा इंडस्ट्रियल हब बनाना है, जहां निवेश के साथ-साथ युवाओं को स्किल्ड, टिकाऊ और लंबे समय तक चलने वाली नौकरियां मिलें। MSME, मैन्युफैक्चरिंग और लॉजिस्टिक्स जैसे सेक्टर को इसका आधार बनाया जा रहा है।
मुंबई इन्वेस्टमेंट रोडशो के ज़रिये पंजाब सरकार ने निवेशकों को न सिर्फ समिट 2026 का न्योता दिया, बल्कि यह भी दिखाया कि राज्य बड़े पैमाने पर उद्योग विस्तार, उद्यमिता और युवाओं के नेतृत्व वाले आर्थिक विकास के लिए पूरी तरह तैयार है।







