आईसीडीएस रैंकिंग: बिहार में अव्वल बना ये जिला , सभी 38 जिलों को पछाड़ हासिल किया पहला स्थान

बिहार के स्वास्थ्य और पोषण सेवाओं के क्षेत्र में कटिहार जिले ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। समेकित बाल विकास सेवाओं (ICDS) के तहत सितंबर 2026 की मासिक जिला रैंकिंग में कटिहार ने राज्य के सभी 38 जिलों को पीछे छोड़ते हुए पहला स्थान प्राप्त किया है। यह सफलता जिले के प्रशासनिक नेतृत्व और जमीनी स्तर पर काम करने वाले कर्मियों की मेहनत का नतीजा है।
जिलाधिकारी आशुतोष द्विवेदी के मार्गदर्शन में कटिहार ने आंगनबाड़ी सेवाओं, पोषण गतिविधियों और पूरक पोषाहार वितरण के मानकों पर शानदार प्रदर्शन किया। रैंकिंग रिपोर्ट के मुताबिक, जिले ने योजनाओं के पारदर्शी क्रियान्वयन में मिसाल पेश की है। विशेष रूप से फेस रिकॉग्निशन सिस्टम के जरिए लाभार्थियों के सत्यापन में 99.21 प्रतिशत और टेक-होम राशन के सत्यापन में 99.73 प्रतिशत की उपलब्धि दर्ज की गई है।
वितरण और बुनियादी सुविधाओं में रहा टॉप
कटिहार की इस कामयाबी के पीछे वितरण व्यवस्था का सटीक होना एक मुख्य कारण रहा। आंकड़ों के अनुसार, टेक-होम राशन का वितरण 99.91 प्रतिशत और गरम पका भोजन वितरण 99.10 प्रतिशत रहा, जिसका संयुक्त औसत 99.79 प्रतिशत तक पहुंच गया। केवल वितरण ही नहीं, बल्कि आंगनबाड़ी केंद्रों की बुनियादी सुविधाओं में भी व्यापक सुधार हुआ है।
जिले के केंद्रों की स्थिति पर नजर डालें तो:
- पेयजल: 99.85 प्रतिशत केंद्रों पर उपलब्ध।
- शौचालय: 99.23 प्रतिशत केंद्रों पर सुविधा मौजूद।
- बिजली: 98.19 प्रतिशत केंद्रों पर विद्युत कनेक्शन सुनिश्चित।
जिला प्रशासन ने इस गौरवपूर्ण उपलब्धि का श्रेय टीमवर्क को दिया है। इसमें जिला प्रोग्राम पदाधिकारी (आईसीडीएस) कुमारी पूर्णिमा, सभी सीडीपीओ, समन्वयकों, महिला पर्यवेक्षिकाओं और आंगनबाड़ी सेविका-सहायिकाओं के अथक परिश्रम की अहम भूमिका रही। प्रशासन ने संकल्प जताया है कि भविष्य में भी पोषण सेवाओं की गुणवत्ता और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को इसी तरह शीर्ष स्तर पर बनाए रखा जाएगा।