• About us
  • Contact us
Thursday, February 26, 2026
25 °c
New Delhi
26 ° Fri
27 ° Sat
Kadwa Satya
  • Home
  • संपादकीय
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • खेल
  • अपराध
  • करियर – शिक्षा
    • टेक्नोलॉजी
    • रोजगार
    • शिक्षा
  • जीवन मंत्र
    • व्रत त्योहार
  • स्वास्थ्य
  • मनोरंजन
    • बॉलीवुड
    • गीत संगीत
    • भोजपुरी
  • स्पेशल स्टोरी
No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • खेल
  • अपराध
  • करियर – शिक्षा
    • टेक्नोलॉजी
    • रोजगार
    • शिक्षा
  • जीवन मंत्र
    • व्रत त्योहार
  • स्वास्थ्य
  • मनोरंजन
    • बॉलीवुड
    • गीत संगीत
    • भोजपुरी
  • स्पेशल स्टोरी
No Result
View All Result
Kadwa Satya
No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • खेल
  • अपराध
  • करियर – शिक्षा
  • जीवन मंत्र
  • स्वास्थ्य
  • मनोरंजन
  • स्पेशल स्टोरी
Home विदेश

मोदी ने सैन्य संघर्षों के कारण ग्लोबल साउथ पर पड़ रहे दुष्प्रभावों पर चिंता व्यक्त की

News Desk by News Desk
October 11, 2024
in विदेश
मोदी ने सैन्य संघर्षों के कारण ग्लोबल साउथ पर पड़ रहे दुष्प्रभावों पर  चिंता व्यक्त की
Share on FacebookShare on Twitter

वियेनतिएन, 11 अक्टूबर (कड़वा सत्य) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने यूरोप और पश्चिमी एशिया में चल रहे सैन्य संघर्षों के कारण ग्लोबल साउथ के देशों पर पड़ रहे दुष्प्रभावों पर गहरी चिंता व्यक्त की।
उन्होंने शुक्रवार को दोहराया कि समस्याओं का समाधान रणभूमि से नहीं निकल सकता है इसलिए मानवीय दृष्टिकोण रखते हुए, संवाद एवं कूटनीति के रास्ते पर आना होगा।
श्री मोदी ने यहां 19वें पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन में अपने संबोधन में विस्तारवाद की नीति पर भी कड़ा प्रहार करते हुए इस बात पर जोर दिया कि समस्याओं के समाधान के प्रयासों में संप्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता और अन्तर्राष्ट्रीय कानूनों का आदर करना आवश्यक है।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन की शुरुआत में, “टाइफून यागी” से प्रभावित लोगों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएँ व्यक्त कीं और कहा कि इस कठिन घड़ी में, ऑपरेशन सद्भाव के माध्यम से भारत ने मानवीय सहायता उपलब्ध कराई है। उन्होंने कहा कि पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन भारत की एक्ट ईस्ट नीति का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत ने सदैव आसियान एकता और केंद्रीयता का समर्थन किया है। भारत के हिन्द प्रशांत विज़न और क्वाड सहयोग के केंद्र में भी आसियान है। भारत के “हिन्द प्रशांत महासागरीय पहल” और “हिन्द प्रशांत पर आसियान के दृष्टिकोण” के बीच गहरी समानताएं हैं। एक स्वतंत्र, मुक्त, समावेशी, समृद्ध और नियम आधारित हिन्द प्रशांत, पूरे क्षेत्र की शांति और प्रगति के लिए महत्वपूर्ण है। दक्षिण चीन सागर की शांति, सुरक्षा और स्थिरता पूरे हिन्द प्रशांत क्षेत्र के हित में है।
श्री मोदी ने कहा, हमारा मानना है कि समुद्री गतिविधियाँ यूएनक्लोस के अंतर्गत संचालित होनी चाहिए। नौवहन और हवाई परिवहन की स्वतंत्रता सुनिश्चित करना आवश्यक है।एक ठोस और प्रभावी आचार संहिता बनायी जानी चाहिए। और इसमें क्षेत्रीय देशों की विदेश नीति पर अंकुश नहीं लगाए जाने चाहिए। हमारा रुख विकासवाद का होना चाहिए, न कि विस्तारवाद का।
उन्होंने कहा कि म्यांमार की स्थिति पर हम आसियान दृष्टिकोण का समर्थन करते हैं। हम पांच सूत्रीय सहमति का भी समर्थन करते हैं। साथ ही, हमारा मानना है कि मानवीय सहायता को बनाए रखना महत्वपूर्ण है।और लोकतंत्र की बहाली के लिए उपयुक्त कदम भी उठाए जाने चाहिए। हमारा मत है कि, इसके लिए, म्यांमार को अलग थलग नहीं, बल्कि साथ में रखना होगा। एक पड़ोसी देश के नाते, भारत अपना दायित्व निभाता रहेगा।
श्री मोदी ने कहा, विश्व के अलग-अलग क्षेत्रों में चल रहे संघर्षों का सबसे नकारात्मक प्रभाव ग्लोबल साउथ के देशों पर हो रहा है।सभी चाहते हैं कि चाहे यूरेशिया हो या पश्चिम एशिया, जल्द से जल्द शांति और स्थिरता की बहाली हो।”
उन्होंने कहा,” मैं बुद्ध की धरती से आता हूँ, और मैंने बार-बार कहा है कि यह युद्ध का युग नहीं है। समस्याओं का समाधान रणभूमि से नहीं निकल सकता। संप्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता और अन्तर्राष्ट्रीय कानूनों का आदर करना आवश्यक है। मानवीय दृष्टिकोण रखते हुए, संवाद एवं कूटनीति को प्रमुखता देनी होगी। विश्वबंधु के दायित्व को निभाते हुए, भारत इस दिशा में हर संभव योगदान करता रहेगा।”
प्रधानमंत्री ने आतंकवाद को वैश्विक शांति और सुरक्षा के लिए एक गंभीर चुनौती बताते हुए कहा कि इसका सामना करने के लिए, मानवता में विश्वास रखने वाली ताकतों को एकजुट होकर काम करना ही होगा। और, साइबर, समुद्र और अंतरिक्ष के क्षेत्रों में आपसी सहयोग को बल भी देना होगा।
उन्होंने कहा कि नालंदा का पुनरुद्धार, पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन में दी गयी हमारी प्रतिबद्धता थी।इस वर्ष जून में, नालंदा विश्वविद्यालय के नए परिसर का उद्घाटन करके हमने इसे पूरा किया है। वह, यहाँ उपस्थित सभी देशों को नालंदा में होने वाले उच्च शिक्षा के प्रमुखों के सम्मेलन के लिए आमंत्रित करते हैं।
 . 
कड़वा सत्य

Tags: concernconflictseffectsexpressedGlobalillmilitaryModioverSouthकारणकीग्लोबलचिंतादुष्प्रभावोंपड़मोदीरहेव्यक्तसंघर्षोंसाउथसैन्य
Previous Post

मोदी ने लोकनायक जयप्रकाश नारायण को उनकी जयंती के अवसर पर  ंजलि अर्पित की

Next Post

पहली छमाही में यूपीआई लेनदेन में 40 प्रतिशत की बढ़ोतरी

Related Posts

मोदी  ने आगा खान के निधन पर शोक जताया
देश

मोदी ने आगा खान के निधन पर शोक जताया

February 6, 2025
दक्षिण भारत की मशहूर अभिनेत्री पुष्पलता का निधन
बॉलीवुड

दक्षिण भारत की मशहूर अभिनेत्री पुष्पलता का निधन

February 5, 2025
बेल्जियम के नए प्रधानमंत्री वेवर ने यूक्रेन को सहायता प्रदान करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की
विदेश

बेल्जियम के नए प्रधानमंत्री वेवर ने यूक्रेन को सहायता प्रदान करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की

February 5, 2025
राष्ट्र हित के मामलों में गैर जिम्मेदाराना राजनीति कर रहे हैं राहुल: राजनाथ
देश

राष्ट्र हित के मामलों में गैर जिम्मेदाराना राजनीति कर रहे हैं राहुल: राजनाथ

February 4, 2025
आप-दा के शासनकाल में लोगों के पीने के जल पर माफिया का कब्जा: भाजपा
देश

आप-दा के शासनकाल में लोगों के पीने के जल पर माफिया का कब्जा: भाजपा

February 3, 2025
सनम जौहर ने रेखा के साथ काम करने पर जतायी खुशी
बॉलीवुड

सनम जौहर ने रेखा के साथ काम करने पर जतायी खुशी

February 3, 2025
Next Post
पहली छमाही में यूपीआई लेनदेन में 40 प्रतिशत की बढ़ोतरी

पहली छमाही में यूपीआई लेनदेन में 40 प्रतिशत की बढ़ोतरी

New Delhi, India
Thursday, February 26, 2026
Mist
25 ° c
47%
15.1mh
33 c 19 c
Fri
34 c 22 c
Sat

ताजा खबर

जरिया बन कर किसी को बचाना बहुत मुश्किल है : सक्सेना

जरिया बन कर किसी को बचाना बहुत मुश्किल है : सक्सेना

February 25, 2026
चिट्टा और गैंगस्टरवाद अकाली दल की ही देन, सुखबीर बादल का बयान पंजाबियों के साथ भद्दा मजाक: बलतेज पन्नू

चिट्टा और गैंगस्टरवाद अकाली दल की ही देन, सुखबीर बादल का बयान पंजाबियों के साथ भद्दा मजाक: बलतेज पन्नू

February 25, 2026
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने किसानों को दिया बड़ा तोहफ़ा, मालवा क्षेत्र के चार ज़िलों तक पहुँचा नहर का पानी

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने किसानों को दिया बड़ा तोहफ़ा, मालवा क्षेत्र के चार ज़िलों तक पहुँचा नहर का पानी

February 25, 2026
ए. आई. सम्मिट में बिहार ने भी दिखाया दम !

ए. आई. सम्मिट में बिहार ने भी दिखाया दम !

February 24, 2026
अकाली और कांग्रेस सरकारों ने पंजाब के बच्चों को जानबूझकर अनपढ़ रखा: भगवंत मान

अकाली और कांग्रेस सरकारों ने पंजाब के बच्चों को जानबूझकर अनपढ़ रखा: भगवंत मान

February 24, 2026

Categories

  • अपराध
  • अभी-अभी
  • करियर – शिक्षा
  • खेल
  • गीत संगीत
  • जीवन मंत्र
  • टेक्नोलॉजी
  • देश
  • बॉलीवुड
  • भोजपुरी
  • मनोरंजन
  • राजनीति
  • रोजगार
  • विदेश
  • व्यापार
  • व्रत त्योहार
  • शिक्षा
  • संपादकीय
  • स्पेशल स्टोरी
  • स्वास्थ्य
  • About us
  • Contact us

@ 2025 All Rights Reserved

No Result
View All Result
  • Home
  • संपादकीय
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • व्यापार
  • खेल
  • अपराध
  • करियर – शिक्षा
    • टेक्नोलॉजी
    • रोजगार
    • शिक्षा
  • जीवन मंत्र
    • व्रत त्योहार
  • स्वास्थ्य
  • मनोरंजन
    • बॉलीवुड
    • गीत संगीत
    • भोजपुरी
  • स्पेशल स्टोरी

@ 2025 All Rights Reserved