नयी दिल्ली 03 जून (कड़वा सत्य) केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने कहा है कि अस्पतालों में अग्निकांड के संभावित जोखिमों को देखते हुए यह जरुरी है कि आग को रोकने, पता लगाने और प्रभावी ढंग से निपटने के उपाय सख्ती से लागू किये जाने चाहिए।
मंत्रालय ने सोमवार को यहां बताया कि राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों और स्वास्थ्य सेवा संगठनों के साथ एक बैठक में अग्निकांड से निपटने के विनियामक प्रोटोकॉल और उपायों को सख्ती से लागू करने की आवश्यकता जताई गयी है। बैठक में कहा गया कि किसी भी स्वास्थ्य सेवा संस्थान में मरीजों , कर्मचारियों और आगंतुकों की सुरक्षा अत्यंत महत्वपूर्ण है। हाल में कुछ स्थानों पर आग लगने की घटनाएं सामने आई हैं। ये घटनायें विद्युत रखरखाव और या एयर-कंडीशनर और अन्य उपकरणों के उपयोग की बिजली लाइनों के ओवरलोड के कारण शॉर्ट-सर्किट का परिणाम हैं।
अग्नि-सुरक्षा मानदंडों के अनुपालन की सख्त आवश्यकता

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