नयी दिल्ली, 15 अक्टूबर (कड़वा सत्य) चुनाव आयोग ने 15 राज्यों में रिक्त विधानसभा की 48 सीटों और केरल की वायनाड तथा महाराष्ट की नांदेड लोकसभा सीट के लिये झारखंड और महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के साथ कराने की मंगलवार को घोषणा की।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार ने यहां संवाददाता सम्मेलन में बताया कि इनमें 47 विधानसभा और वायनाड लोकसभा सीट के लिये चुनाव 13 नवंबर को झारखण्ड विधान सभा के पहले चरण के चुनाव के साथ कराया जायेगा।
महाराष्ट्र की नांदेड लोकसभा सीट और उत्तराखंड की केदारनाथ विधानसभा सीट के लिये चुनाव महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के साथ 20 नवंबर को कराये जायेंगे। इन उपचुनावों की मतगणना दोनों विधानसभाओं के चुनावों की मतगणना के साथ 23 नवंबर को करायी जायेगी।
इन उपचुनावों में 47 विधानसभा और वायनाड लोकसभा सीट के उपचुनाव के लिये अधिसूचना 18 अक्टूबर को जारी की जायेगी और नामांकन पत्र 25 अक्टूबर तक दाखिल किये जा सकेंगे। नामांकन पत्रों की जांच 28 अक्टूबर को होगी जबकि नाम 30 अक्टूबर तक वापस लिये जा सकेंगे। चुनाव 13 नवम्बर को होगा।
नांदेड लोकसभा सीट और केदारनाथ विधानसभा सीट के उपचुनाव के लिये अधिसूचना 22 अक्टूबर को जारी की जायेगी और नामांकन पत्र 29 अक्टूबर तक दाखिल किये जा सकेंगे। नामांकन पत्रों की जांच 30 अक्टूबर को होगी और नाम चार नवम्बर तक वापस लिये जा सकेंगे। राज्य में एक चरण में चुनाव 20 नवम्बर को होंगे।
जिन विधानसभा सीटों पर उपचुनाव कराये जा रहे हैं, उनमें असम की धोलाई (अनुसूचित जाति), सिडली, (अनुसूचित जनजाति) बोंगईगांव, बेहाली, सामागुरी, बिहार की तरारी, गढ़, इमामगंज, (अनुसूचित जाति), बेलागंज; छत्तीसगढ़ की रायपुर; गुजरात की वाव; कर्नाटक की शिग्गाओं, संदुर, चन्नापटना; केरल की पल्लकड़, छल्लाकेरे (अनुसूचित जाति); मध्यप्रदेश की बुधनी, विजयपुर; मेघालय की गाम्बेग्रे (अनुसूचित जनजाति); पंजाब चब्बेवाल, गिद्देरबहा, बरनाला; राजस्थान की झुंझुनू, गढ, दौसा, डोली उनिआरा, खींवसर, सलूम्बर (अनुसूचित जाति), चोरासी (अनुसूचित जनजाति); सिक्किम की नामची, सिंधीथांग; उत्तर प्रदेश की मीरापुर, कुंदरकी, गाज़ियाबाद, खैर (अनुसूचित जाति), करहल, शिशमाऊ, फूलपुर, कातेहारी, मझवां; उत्तराखंड की केदारनाथ; पश्चिम बंगाल की सिताई, मदारीहत (अनुसूचित जनजाति), नैहाती, हरोआ, मेदिनीपुर, तालडांगड़ा शामिल हैं।
समीक्षा.श्रवण
कड़वा सत्य
झारखंड, महाराष्ट्र विस चुनाव के साथ रिक्त विस सीटों के चुनाव की घोषणा

साढ़े चार साल में पंजाब में एक भी पेपर लीक नहीं हुआ- भगवंत सिंह मान

बार-बार कोशिश करने के बावजूद, विपक्ष भगवंत मान सरकार के खिलाफ एक भी असली मुद्दा ढूंढने में नाकाम रहा: बलतेज पन्नू

भगवंत मान सरकार द्वारा प्रमुख मांगें मानने के बाद पीएसपीसीएल यूनियनों और आम आदमी क्लीनिकों के कर्मचारियों ने हड़ताल वापस ली, कामकाज फिर शुरू: हरपाल सिंह चीमा

