राजगढ़ : जिले के नरसिंहगढ़ क्षेत्र में सोयाबीन की फसल में फूल एवं फलियां नहीं आने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। कम वर्षा और इल्लियों के प्रकोप के कारण फसल प्रभावित होने का हवाला देते हुए ग्राम कड़िया मित्रसेन, पाडल्या बना, मदोरा एवं चेनपुरा कलां के ग्रामीणों ने तहसीलदार अनाग्रिका कनौजिया को ज्ञापन सौंपकर प्रभावित सोयाबीन फसल का सर्वे कराकर किसानों को उचित मुआवजा दिलाने की मांग की है।

किसानों का कहना है कि कम बारिश के कारण सोयाबीन की फसल में इल्लियां लग गईं। कीटनाशकों का छिड़काव करने के बावजूद अपेक्षित परिणाम नहीं मिले और कई खेतों में सोयाबीन में फूल एवं फलियां नहीं आईं। किसानों ने फसल को पूरी तरह बांझ बताते हुए शासन से जल्द सर्वे कराने की मांग की है।

ग्रामीणों ने बताया कि वे छोटे किसान हैं और खेती की आय से ही परिवार का भरण-पोषण होता है। फसल खराब होने से आगामी फसल की बोवनी सहित परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा होने की आशंका है। वही फल नहीं आने प रब किसान सोयाबीन काटकर मवेशियों को खिला रहे हे।

वहीं, जिले के खेड़ी मुंडली, गनियारी, कुदाली सहित अन्य ग्रामीण क्षेत्रों के किसानों द्वारा भी पूर्व में सोयाबीन की फसल में बांझपन की समस्या को लेकर स्थानीय प्रशासन को ज्ञापन सौंपा जा चुका है। फिलहाल किसानों की नजर प्रशासनिक सर्वे और शासन से मिलने वाली राहत पर टिकी है। किसानों ने प्रभावित फसल का शीघ्र सर्वे कराकर उचित मुआवजा दिलाने की मांग की है।

राजगढ़,नरसिंहगढ़,सारंगपुर क्षेत्र में अतिवृष्टि ,इल्ली किट व्याधि से किसानों की खरीफ फसल खराब हो गई इसे लेकर किसान संगठनों ने भी केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, सीएम मोहन यादव,कृषि मंत्री को ज्ञापन देकर किसानों को राहत राशि देने की मांग की हे।