नयी दिल्ली 30 सितंबर (कड़वा सत्य) केन्द्र सरकार ने राज्य आपदा मोचन कोष से केंद्रीय हिस्से के रूप में और राष्ट्रीय आपदा मोचन कोष से अग्रिम राशि के रूप में गुजरात को 600 करोड़, मणिपुर को 50 करोड़ और त्रिपुरा को 25 करोड़ रुपये जारी करने की मंजूरी दी है। गृह मंत्रालय ने सोमवार को बताया कि ये राज्य इस साल दक्षिण-पश्चिम मानसून के दौरान अत्यधिक भारी वर्षा, बाढ़ और भूस्खलन से प्रभावित हुए हैं।
केंद्र सरकार बाढ़ प्रभावित राज्यों को हरसंभव सहायता प्रदान करने के प्रति पूरी तरह कटिबद्ध है।
इस वर्ष के दौरान, असम, मिज़ोरम, केरल, त्रिपुरा, नागालैंड, गुजरात, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और मणिपुर में अत्यधिक भारी वर्षा, बाढ़ और भूस्खलन से हुए नुकसान का मौके पर आंकलन करने के लिए अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय दल का गठन किया गया है। अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय दल की रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद बाकी राज्यों को अतिरिक्त वित्तीय सहायता पर निर्णय लिया जाएगा।
इसके अलावा, हाल ही में बाढ़ से प्रभावित बिहार और पश्चिम बंगाल में भी नुकसान का मौके पर आंकलन करने के लिए टीम जल्द ही भेजी जाएगी।
इस वर्ष भारत सरकार ने राज्य कोष से 21 राज्यों को 9044.80 करोड़ रुपये, राष्ट्रीय कोष से 15 राज्यों को 4528.66 करोड़ रुपये तथा राज्य आपदा न्यूनीकरण निधि से 11 राज्यों को 1385.45 करोड़ रुपये जारी किए हैं। इसके अतिरिक्त, केन्द्र सरकार ने बाढ़ प्रभावित सभी राज्यों को आवश्यक राज्य कोष टीमों, सेना के दलों और वायु सेना की तैनाती सहित सभी लॉजिस्टिक सहायता भी प्रदान की है
.
कड़वा सत्य
केन्द्र ने बाढ़ प्रभावित गुजरात, मणिपुर व त्रिपुरा को 675 करोड़ दिए


उत्तर प्रदेश: मिर्जापुर में छात्रों पर लाठीचार्ज के विरोध में अधिवक्ताओं का उग्र प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री का फूंका पुतला

उत्तर प्रदेश: शिक्षा पर बुलडोजर नहीं, समाधान चाहिए! जौहर यूनिवर्सिटी बचाने की मांग को लेकर सपा का कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन

उत्तर प्रदेश: बलिया में हाईटेंशन तार टूटने से पिता-पुत्र की मौत, भड़की विधायक केतकी सिंह ने एक्सियन से कहा- 'चुल्लू भर पानी में डूब मरो'

