चंडीगढ़, 29 जुलाई,2026: पंजाब सरकार द्वारा राज्य के पिछड़े वर्गों के परिवारों के लिए खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु अपनी राशन किट वितरण अभियान 'मेरी रसोई' में तेजी लाई गई है, जिसके तहत लगभग 33.86 लाख परिवार लाभान्वित हो रहे हैं। इस अभियान का उद्देश्य प्रत्येक तिमाही अर्थात 3 महीने बाद पंजाब भर में कुल 40.48 लाख पात्र परिवारों को राशन किट प्रदान करना है।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान एवं खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मंत्री लाल चंद कटारूचक्क के नेतृत्व में इस पहल के तहत राशन किटों का वितरण मिशन मोड पर किया जा रहा है।

उल्लेखनीय है कि इस योजना के तहत प्रत्येक परिवार को एक राशन किट मिलेगी, जिसे एक परिवार की खाद्य संबंधी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए तैयार किया गया है। इस किट में मासिक खपत के लिए दो किलोग्राम दाल, दो किलोग्राम चीनी, एक किलोग्राम नमक, 200 ग्राम हल्दी पाउडर और एक लीटर सरसों का तेल शामिल है। ये राशन किट राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2013 के तहत पात्र लाभार्थियों को पहले से ही वितरित की जा रही गेहूं के अतिरिक्त प्रदान की जा रही हैं।

ये राशन किट मार्कफेड द्वारा तैयार की जाती हैं, जबकि खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग द्वारा राज्य भर में वितरण नेटवर्क की निगरानी की जाती है।

अब तक वितरित की गई 33.86 लाख राशन किटों में से, लुधियाना 386692 किटों के वितरण के साथ अग्रणी रहा, जबकि अमृतसर 266112 किटों के वितरण के साथ दूसरे स्थान पर, पटियाला 237320 किटों के वितरण के साथ तीसरे स्थान पर, गुरदासपुर 209040 किटों के वितरण के साथ चौथे स्थान पर, जालंधर 195614 किटों के वितरण के साथ पांचवें स्थान पर और बठिंडा 194449 किटों के वितरण के साथ छठे स्थान पर है।

इसी प्रकार फाजिल्का में 165364 राशन किटों का वितरण किया गया, संगरूर में 166102 राशन किटें, होशियारपुर में 184140, तरन तारन में 161253, श्री मुक्तसर साहिब में 142995, फिरोजपुर में 129673, मोगा में 123321, मानसा में 100371, कपूरथला में 90616, फतेहगढ़ साहिब में 81867, फरीदकोट में 82808, साहिबजादा अजीत सिंह नगर में 91991, पठानकोट में 89596, रूपनगर में 91469, बरनाला में 68592, मालेरकोटला में 55400 और शहीद भगत सिंह नगर में 71614 राशन किटें वितरित की गई हैं।

इन राशन किटों के वितरण का उद्देश्य मुख्य अनाज को आवश्यक प्रोटीन, खाना पकाने के तेल एवं मसालों में शामिल करना है, जिससे योजना के अंतर्गत आने वाले परिवारों के लिए बेहतर पौष्टिक आहार सुनिश्चित किया जा सकेगा।

वितरण में पारदर्शिता सुनिश्चित करने, दोहरी एंट्री को रोकने एवं सुचारू डिलीवरी सुनिश्चित करने के लिए कड़ी नजर रखी जा रही है। जिला प्रशासन, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग एवं स्थानीय अधिकारियों द्वारा इस योजना की सफलता सुनिश्चित करने के लिए समन्वय के साथ काम किया जा रहा है।

यह योजना प्रत्येक पात्र परिवार के लिए खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने संबंधी राज्य सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता का प्रत्यक्ष प्रमाण है। मौजूदा एनएफएसए गेहूं वितरण में इन राशन किटों को शामिल करके, भूखमरी एवं पोषण दोनों मुद्दों का समाधान किया जा रहा है।