नयी दिल्ली, 24 अक्टूबर (कड़वा सत्य) केन्द्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जयंत चौधरी ने कहा है कि ‘वर्ल्ड स्किल्स ल्योन 2024’ में देश का प्रदर्शन भारत के दुनिया की कौशल राजधानी बनने के लक्ष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
श्री चौधरी ने गुरुवार को वर्ल्ड स्किल्स प्रतियोगिता में पदक और उत्कृष्टता पदक विजेताओं को सम्मानित करने के बाद कहा कि इन विजेताओं ने जो जबरदस्त आत्मविश्वास दिखाया है, उससे वे प्रेरणादायी प्रतीक बन गये हैं। ल्योन में चार कांस्य पदक सहित 16 पुरस्कार जीतना हमारे लक्ष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि उद्योग एक कुशल कार्यबल की मांग करता है, इसलिये कौशल बेंचमार्किंग के बारे में चर्चायें जोर पकड़ रही हैं। अब देश के पास एक टीम है, जिसने ल्योन में कुछ सबसे कठिन वैश्विक मानकों को पार करते हुये उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है।
उन्होंने कहा कि उनकी उपलब्धियां न केवल उनके समर्पण को दर्शाती है, बल्कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में भारत के कौशल पारिस्थतिकी तंत्र की मजबूती को भी दर्शाती है। ये उपलब्धियां पारंपरिक शिल्प और उभरते उद्योगों में हमारी बढ़ती विशेषज्ञता को रेखांकित करती है और भारत को प्रमुख क्षेत्रों में एक उभरते वैश्विक नेता के रूप में स्थापित करती है।
श्री चौधरी ने पेरिस पैरालंपिक, 2024 के नौ पैरालंपिक विजेताओं को सम्मानित करते हुये कहा, “कड़ी मेहनत चुनौतियों पर काबू पाने की कुंजी है। पेरिस 2024 में पैरालंपिक टीम की असाधारण उपलब्धियां, जिन्होंने 29 पदक हासिल करने के लिये महत्वपूर्ण बाधाओं को पार किया, इस भावना को मूर्त रूप देती हैं।”
उन्होंने कहा, “ जिस तरह हम वैश्विक मंच पर अपने एथलीटों की सफलता का जश्न मनाते हैं, उसी तरह हमें अपने विश्व कौशल चैंपियनों का भी सम्मान करना चाहिये। उन्हें जश्न मनाने, एक-दूसरे से सीखने और अगली पीढ़ी को प्रेरित करने के लिये एक साथ लाना चाहिये। उन्होंने कहा, “ यह आपकी व्यक्तिगत जीत है, जो समर्पण और उत्कृष्टता के माध्यम से हमारे सामूहिक मिशन को आसान बनायेगी, जिससे वैश्विक कौशल मानचित्र पर भारत के निरंतर उदय का मार्ग प्रशस्त होगा। ”
इससे पहले श्री चौधरी ने ल्योन स्किल्स प्रतियोगिता में पदक और पुरस्कार विजेताओं को सम्मानित किया। उन्होंने आठ पैरालिंपिक विजेताओं (प्रवीण कुमार, अजीत सिंह यादव, शरद कुमार, प्रणव सूरमा, सिमरन शर्मा, रुबीना फ्रांसिस, राकेश कुमार, प्रीति पाल) को भी सम्मानित किया।
श्रवण अशोक
कड़वा सत्य
वर्ल्ड स्किल्स प्रतियोगिता में देश का प्रदर्शन अत्यंत सराहनीय: जयंत चौधरी

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