नई दिल्ली, 08 जुलाई (कड़वा सत्य) उच्चतम न्यायालय ने संदेशखली में महिलाओं के सामूहिक यौन शोषण और जमीन हड़पने के आरोपों की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को सौंपने के खिलाफ पश्चिम बंगाल सरकार की याचिका सोमवार को खारिज कर दी।
न्यायमूर्ति बी आर गवई और न्यायमूर्ति के वी विश्वनाथन की पीठ ने याचिका खारिज करने के साथ ही स्पष्ट किया कि उच्च न्यायालय द्वारा की गई टिप्पणियों से निचली अदालत की कार्यवाही पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
सामूहिक यौन शोषण और जमीन हड़पने के कथित मामले में निलंबित तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) पार्टी के सदस्य शेख शाहजहां और अन्य पर महिलाओं के सामूहिक यौन शोषण और जमीन हड़पने के आरोप लगाये गये हैं।
कलकत्ता उच्च न्यायालय ने गत 10 अप्रैल को उत्तर 24 परगना जिले के बशीरहाट उपमंडल के संदेशखाली में निलंबित टीएमसी नेता शाहजहां और अन्य के खिलाफ महिलाओं के यौन शोषण और भूमि हड़पने के आरोपों की सीबीआई जांच के आदेश दिए थे।
.साहू
कड़वा सत्य
संदेशखली मामले में सीबीआई जांच के खिलाफ पश्चिम बंगाल सरकार की याचिका खारिज

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