बिहार के गौरीशंकर ने जाते जाते दी दो लोगो को रौशनी, कटिहार मे हुआ कॉर्निया कलेक्शन
फारबिसगंज के प्रसिद्ध कारोबारी गौरीशंकर प्रसाद भगत के निधन के बाद उनके परिवार ने नेत्रदान का फैसला लिया, जिससे दो लोगों की दुनिया रोशन होगी।

अररिया जिले के फारबिसगंज में एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने इंसानियत की मिसाल पेश की है। इलाके के जाने-माने कारोबारी 85 वर्षीय गौरीशंकर प्रसाद भगत के निधन के बाद उनके परिवार ने एक महान निर्णय लिया। परिजनों की सहमति के बाद कटिहार मेडिकल कॉलेज अस्पताल (KMCH) की टीम ने उनके नेत्रों का कॉर्निया कलेक्ट किया है, ताकि उनकी मृत्यु के बाद भी किसी की दुनिया में रोशनी लौट सके।
गौरीशंकर प्रसाद भगत के आकस्मिक निधन से परिवार में शोक की लहर थी, लेकिन इस दुख की घड़ी में दधीचि देहदान समिति, तेरापंथ युवक परिषद और कलवार सेवा ट्रस्ट ने आगे बढ़कर नेत्रदान की पहल की। इस पुनीत कार्य के लिए उनके पुत्र नितिन भगत और बहू रीता भगत ने अपनी सहमति प्रदान की, जो समाज के लिए एक प्रेरणा है।
मेडिकल टीम ने फारबिसगंज पहुंचकर पूरा किया कार्य
नेत्रदान की प्रक्रिया को पूरा करने के लिए समिति के जिलाध्यक्ष अजातशत्रु अग्रवाल और अन्य सदस्यों ने कटिहार मेडिकल कॉलेज के नेत्र विभागाध्यक्ष डॉ. अतुल मिश्रा से संपर्क साधा। इसके बाद डॉ. अभय कुमार के नेतृत्व में डॉ. रविनंदन और डॉ. आदर्श कुमार की एक विशेष टीम को तुरंत फारबिसगंज भेजा गया, जिन्होंने सफलतापूर्वक कॉर्निया कलेक्शन की प्रक्रिया को पूरा किया।
समिति के जिलाध्यक्ष श्री अग्रवाल ने जानकारी दी कि यह जिला और फारबिसगंज का 28वां नेत्रदान है। इस नेक कार्य के लिए समिति के प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व राज्यपाल गंगा प्रसाद, महासचिव पद्मश्री डॉ. विमल जैन समेत कई गणमान्य लोगों ने शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की और मेडिकल टीम की निस्वार्थ सेवा की सराहना की है।