दिल्ली पुलिस ने किया ऑनलाइन दवा धोखाधड़ी का भंडाफोड़, पंजाब के लोगों को ठगने वाले 2 गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस ने पंजाब के लोगों को निशाना बनाने वाले फर्जी हेल्थ सप्लीमेंट वेबसाइट गिरोह का भंडाफोड़ किया है। दो आरोपी गिरफ्तार।

दिल्ली पुलिस ने एक ऐसे शातिर गिरोह का पर्दाफाश किया है जो फर्जी वेबसाइट के जरिए हेल्थ सप्लीमेंट्स और दवाइयां बेचने के नाम पर लोगों को ठग रहा था। यह गिरोह खासतौर पर पंजाब के निवासियों को अपना निशाना बना रहा था। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो युवकों को गिरफ्तार किया है, जिनकी पहचान 22 वर्षीय हितेन कुमार और आयुष आर्य के रूप में हुई है।
इस पूरे खेल का खुलासा तब हुआ जब पंजाब के अमृतसर के एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज कराई। पीड़ित ने बताया कि उसने 'www.openlifevedixa.com' नाम की एक वेबसाइट से कुछ हेल्थ सप्लीमेंट्स और दवाइयां ऑर्डर की थीं। सितंबर के आखिरी हफ्ते में उसने करीब 83,257 रुपये का ऑनलाइन भुगतान किया, लेकिन उसे कोई सामान नहीं मिला। इसके बाद ईस्ट डिस्ट्रिक्ट के साइबर पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
कमीशन के लालच में बैंक खाते दिए आरोपियों ने
पुलिस ने जब बैंक खातों और केवाईसी दस्तावेजों की बारीकी से जांच की, तो उन्हें धोखाधड़ी से जुड़े कुल 2,66,437 रुपये मिले। यह रकम दो अलग-अलग बैंक खातों में आई थी, जिसे बाद में एटीएम के जरिए निकाल लिया गया। पूछताछ के दौरान आयुष आर्य ने कबूल किया कि उसने और उसके एक दोस्त ने अपने बैंक खातों की जानकारी अपने चचेरे भाई हितेन कुमार को दी थी। इसके बदले में उन्हें 10 प्रतिशत कमीशन मिलने का वादा किया गया था।
पुलिस के मुताबिक, ठगी की रकम खाते में आते ही उसे एटीएम से निकाला जाता था और कमीशन काटकर हितेन कुमार को सौंप दिया जाता था। पुलिस ने 21 अक्टूबर को हितेन कुमार को गिरफ्तार किया, जिसने पूछताछ में खुलासा किया कि वह एक अन्य व्यक्ति के संपर्क में था जो इस फर्जी वेबसाइट को चला रहा था।
पुलिस ने आयुष आर्य का एक मोबाइल फोन भी बरामद किया है, जिसमें फर्जी वेबसाइट का लिंक और आरोपियों के बीच व्हाट्सएप चैट मौजूद है। फिलहाल पुलिस इस नेटवर्क के मुख्य मास्टरमाइंड और वेबसाइट चलाने वाले व्यक्ति की तलाश कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि अब तक कितने और लोग इस जाल में फंसे हैं।